ब्रिगेड होटल IPO की निराशाजनक लिस्टिंग: ₹90 के शेयर 9% डिस्काउंट पर लिस्ट, निवेशकों को लगा झटका!
ब्रिगेड होटल IPO की निराशाजनक लिस्टिंग: ₹90 के शेयर 9% डिस्काउंट पर लिस्ट, निवेशकों को लगा झटका!
रियल एस्टेट की दिग्गज कंपनी बीईएल (BEL) की पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी, ब्रिगेड होटल वेंचर्स (Brigade Hotel Ventures) के शेयरों की आज घरेलू बाजार में भारी डिस्काउंट पर लिस्टिंग हुई। IPO को ओवरऑल 4 गुना से अधिक बोलियां मिली थीं, लेकिन ₹90 के भाव पर जारी हुए शेयर BSE पर ₹82.00 और NSE पर ₹81.10 पर लिस्ट हुए। इसका मतलब है कि IPO निवेशकों को लिस्टिंग पर कोई लाभ नहीं मिला, बल्कि उनकी पूंजी में ही लगभग 9% की गिरावट आ गई।
हालांकि, Listing के बाद शेयरों ने कुछ रिकवरी की कोशिश की और BSE पर ₹86.03 तक पहुंचे। इसके बावजूद, IPO निवेशक अभी भी 4.41% के नुकसान में हैं। कर्मचारियों को थोड़ा कम नुकसान हुआ क्योंकि उन्हें हर शेयर पर ₹3 का डिस्काउंट मिला था।
Brigade Hotel IPO IPO: क्या था प्लान और कितना सब्सक्रिप्शन?
Brigade Hotel वेंचर्स का ₹759.60 करोड़ का IPO सब्सक्रिप्शन के लिए 24-28 जुलाई तक खुला था। इसे निवेशकों से अच्छा रिस्पॉन्स मिला था, और यह ओवरऑल 4.76 गुना सब्सक्राइब हुआ।
क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB): 5.74 गुना
नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII): 2.03 गुना
खुदरा निवेशक: 6.83 गुना
एंप्लॉयीज का हिस्सा: 0.99 गुना (पूरा नहीं भरा)
शेयरहोल्डर्स का हिस्सा: 3.48 गुना
इस IPO के तहत ₹10 की फेस वैल्यू वाले 8.44 करोड़ नए शेयर जारी हुए हैं। जुटाए गए पैसों का उपयोग इस प्रकार होगा:
₹468.14 करोड़: कंपनी और इसकी सब्सिडरी एसआरपी प्रॉस्पेरिटा होटल वेंचर्स का कर्ज चुकाने के लिए।
₹107.52 करोड़: प्रमोटर बीईएल से जमीन खरीदने के लिए।
बाकी पैसे: अधिग्रहण और सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों पर खर्च होंगे।
Brigade Hotel की कारोबारी सेहत
ब्रिगेड डेवलपर, जो देश के अहम शहरों में होटल बनाती है, बीईएल की पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी है। इसके अधिकांश होटल दक्षिण भारत में स्थित हैं, जिनमें बेंगलुरु, चेन्नई, कोच्चि, मैसूर और गिफ्ट सिटी (गुजरात) शामिल हैं। कंपनी के पास नौ ऑपरेशनल होटल्स हैं जिनमें कुल 1604 कमरे हैं। इसके होटल्स का संचालन मैरियट, एकोर और इंटरकॉन्टिनेंटल होटल्स ग्रुप जैसी प्रमुख ग्लोबल चेन करती हैं।
वित्तीय प्रदर्शन:
कंपनी की वित्तीय सेहत लगातार मजबूत हुई है:
वित्त वर्ष 2023: ₹3.09 करोड़ का शुद्ध घाटा।
वित्त वर्ष 2024: ₹31.14 करोड़ का मुनाफा।
वित्त वर्ष 2025: मुनाफा बढ़कर ₹23.66 करोड़ पर पहुंचा।
राजस्व: इस दौरान सालाना 14% से अधिक की चक्रवृद्धि दर (CAGR) से बढ़कर ₹470.68 करोड़ पर पहुंच गया।
कर्ज की स्थिति:
कंपनी पर कर्ज का स्तर स्थिर बना हुआ है:
वित्त वर्ष 2023 के अंत: ₹632.50 करोड़
वित्त वर्ष 2024 के अंत: ₹601.19 करोड़
वित्त वर्ष 2025 के अंत: ₹617.32 करोड़
IPO को मिले अच्छे सब्सक्रिप्शन के बावजूद, डिस्काउंट पर लिस्टिंग ने निवेशकों को निराश किया है। हालांकि, कंपनी की मजबूत कारोबारी स्थिति और भविष्य की विस्तार योजनाएं लंबी अवधि के निवेशकों के लिए सकारात्मक संकेत हो सकती हैं।

टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें