कोटक महिंद्रा बैंक के शेयर 7% लुढ़के: Q1 नतीजों ने निवेशकों को चौंकाया, अब क्या करें?

कोटक महिंद्रा बैंक के शेयर 7% लुढ़के: Q1 नतीजों ने निवेशकों को चौंकाया, अब क्या करें?



आज, 28 जुलाई को Kotak Mahindra Bank के शेयरों में 7% तक की बड़ी गिरावट दर्ज की गई। इस तेज गिरावट की मुख्य वजह बैंक द्वारा जारी किए गए जून तिमाही के निराशाजनक नतीजे हैं। बैंक का शुद्ध मुनाफा साल-दर-साल आधार पर 7% घटकर ₹3,282 करोड़ पर आ गया, जबकि पिछले साल की समान तिमाही में यह ₹3,520 करोड़ था। हालांकि, यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि पिछले साल के मुनाफे में कोटक जनरल इंश्योरेंस की बिक्री से मिला एकमुश्त लाभ (वन-टाइम गेन) भी शामिल था, जिसे समायोजित करने के बाद बैंक का अन-एडजस्टेड नेट प्रॉफिट ₹6,250 करोड़ होता है।


मुनाफे में गिरावट की मुख्य वजह: प्रोविजनिंग में भारी बढ़ोतरी

कोटक महिंद्रा बैंक के मुनाफे में गिरावट की सबसे बड़ी वजह प्रोविजनिंग और कंटीजेंसीज (भविष्य के संभावित नुकसानों के लिए रखा गया फंड) में हुई जबरदस्त बढ़ोतरी है। ये सालाना आधार पर 109% बढ़कर ₹1,208 करोड़ हो गए।


हालांकि, बैंक के लिए कुछ सकारात्मक पहलू भी रहे:


Net Interest Income (NII): जून तिमाही में NII 6% बढ़कर ₹7,259 करोड़ हो गया।


net interest margin (NIM): 4.65% पर स्थिर रहा।


क्रेडिट ग्रोथ: सालाना आधार पर 14% की मजबूत क्रेडिट ग्रोथ दर्ज की गई, जिसमें कम यील्ड वाली कॉर्पोरेट बुक से काफी मदद मिली।


लोन की ब्याज दरों में कमी का असर बैंक के margin पर पड़ा, जिससे तिमाही-दर-तिमाही आधार पर NIM 32 बेसिस प्वाइंट्स घटकर 4.7% रहा।


आगे की राह: मार्जिन और एसेट क्वालिटी पर चिंता

कोटक महिंद्रा बैंक के मैनेजमेंट ने वित्त वर्ष 2026 की दूसरी तिमाही में भी मार्जिन पर दबाव बने रहने की आशंका जताई है। इसका कारण यह है कि रेपो रेट में 50 बेसिस प्वाइंट्स की कमी का पूरा असर अभी दिखना बाकी है, जिसके बाद ही मार्जिन में सुधार की उम्मीद है।


बैंक की एसेट क्वालिटी में भी गिरावट आई है। माइक्रोफाइनेंस इंस्टीट्यूशंस (MFI), रिटेल कमर्शियल व्हीकल (Retail CV) और किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) लोन पर दबाव के कारण स्लिपेज (नए खराब लोन का अनुपात) बढ़कर 1.9% पहुंच गया है।


ब्रोकरेज की राय: मिली-जुली प्रतिक्रिया

नोमुरा (Nomura):

रेटिंग: 'न्यूट्रल'

टारगेट प्राइस: ₹2,150

EPS अनुमान में कटौती: वित्त वर्ष 2026-28 के लिए earnings per share(EPS) के अनुमान को 3-7% घटाया है।


वजह: एसेट क्वालिटी को लेकर चिंता और मार्जिन पर दबाव। नोमुरा का मानना है कि बैंक के शेयर FY26 की बुक वैल्यू के 1.9 गुना पर ट्रेड हो रहे हैं, जो तेजी की गुंजाइश नहीं छोड़ता।


मॉर्गन स्टेनली (Morgan Stanley):

रेटिंग: 'ओवरवेट'

टारगेट प्राइस: ₹2,600

संक्षेप में, कोटक महिंद्रा बैंक के Q1 नतीजे उम्मीद से कमतर रहे हैं, खासकर प्रोविजनिंग और एसेट क्वालिटी के मोर्चे पर। हालांकि, NII ग्रोथ मजबूत रही है। निवेशकों को अगली कुछ तिमाहियों में मार्जिन और एसेट क्वालिटी के रुझानों पर करीब से नजर रखनी होगी।

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